ससुराल शायरी, Best Sasural Shayari, Quotes, Status & Thoughts

कोई मायका तो कोई ससुराल कहलाए
कोई बताए हम बेटियों का घर कौन सा कहलाए,

ससुराल में बहू की अर्जी ;
मुझे बेटी मानो तो सही
अच्छाइयां खुद ही नजर आएंगी
मेरे वजूद में आपको आपको

सुनो! दिल तो करता है कि तुझे तेरे ही शहर से चुरा लूँ…
फिर ख़्याल आया कि ससुराल नाम की भी कोई चीज होती हैं

ससुराल और मायका
जैसी हो कोई कठघरा
सच चाहे जिस ओर हो
मुकदमा जीते ससुराल का

कुछ रिश्तो का बोझ है कुछ संस्कारों का असर है अकेली बहु पर ससुराल के सारे ताने बेअसर है

ये मोहब्बत भरी नजरें बस देखने भर के लिए नहीं है
दो मकां है तेरे
जरा झांक कर देखो,
एक मे मायका दूजे में ससुराल मिलेगा